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इटावा, मनाया जाएगा विश्व मधुमेह दिवस.

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इटावा, मनाया जाएगा विश्व मधुमेह दिवस

 इस वर्ष विश्व मधुमेह दिवस की थीम मधुमेह देखभाल तक पहुंचे


इटावा 13 नवंबर 2021।

हर साल 14 नवंबर को विश्व मधुमेह दिवस मनाया जाता है। इस दिवस को मनाने का प्रमुख उद्देश्य लोगों में मधुमेह रोग के प्रति जागरूकता लाना।मधुमेह बीमारी में अग्नाशय पर्याप्त इंसुलिन का उत्पादन नहीं कर पाता या प्रभावी ढंग से इंसुलिन का उपयोग नहीं हो पाता इससे रक्त में ग्लूकोज की मात्रा बढ़ जाती है और व्यक्ति मधुमेह से पीड़ित हो जाता है,यह कहना है जिला अस्पताल के फिजिशियन डॉ वीके साहू का। डॉ साहू ने बताया वर्ल्ड डायबिटीज डे 2021 की थीम मधुमेह देखभाल तक पहुंचे है जिसमें इंसुलिन की खोज के 100 साल बाद दुनिया भर में डायबिटीज से पीड़ित लोग अपनी डायबिटीज की ठीक से देखभाल नहीं कर पाते डायबिटीज से  होने वाली जटिलताओं के संदर्भ में जागरूक होना आवश्यक है।डॉ साहू ने बताया  मधुमेह चिकित्सा का उद्देश्य है, रक्त में शुगर की मात्रा सामान्य रखना।ध्यान रहे स्वस्थ जीवन शैली अपनाने से मधुमेह होने का खतरा कम रहता है। मधुमेह किसी भी उम्र में हो सकता है यह दो प्रकार का होता है। 

टाइप वन 

टाइप वन मधुमेह बचपन युवावस्था में होता है। जिसे टाइप 1 मधुमेह के नाम से जाना जाता है। इस प्रकार के मधुमेह में अग्नाशय ग्रंथि में बहुत कम इंसुलिन बनता है या उत्पन्न नहीं होता तब रक्त में ग्लूकोज के नियंत्रण के अलावा जीवित रहने के लिए इंसुलिन लेना पड़ता है।

टाइप 2 मधुमेह

यह मधुमेह में इंसुलिन की मात्रा कम होती है या शरीर इंसुलिन  की मात्रा का इस्तेमाल नहीं कर पाता इसमें शरीर  में इंसुलिन बनता तो है,लेकिन कम मात्रा में और कई बार वह इंसुलिन अच्छे से काम नहीं कर पाता तब टाइप 2 मधुमेह का रोग होता है। टाइप टू डायबिटीज उचित खानपान ना होने के कारण या अनियमित दिनचर्या और आहार में अत्यधिक मीठा के सेवन करने से से होती है।

डॉ साहू ने बताया डायबिटीज होने के कारण उच्च कोलेस्ट्रॉल, इंसुलिन की कमी ,सही खानपान न होना, शारीरिक काम की कमी, ड्रग्स ,स्मोक ,शराब का अत्यधिक सेवन अनुवांशिकता भी होती है।


डॉ साहू ने बताया डायबिटीज में अक्सर देखा जाता है,अत्यधिक भूख लगना,अधिक नींद आना ,प्यास ज्यादा लगना ,पेशाब ज्यादा लगना ,किसी घाव को भरने में बहुत अधिक समय लगना,शरीर के कुछ भागों का सुन्न होना अथवा झिनझिनी महसूस होना ,आँख में कम दिखाई देना,जल्दी थकान होना,अचानक से वजन का कम होना जैसे लक्षण सामान्य है इसलिए मधुमेह रोगी को अपनी दिनचर्या और खानपान में बदलाव लाना जरूरी है मधुमेह रोगी पर्याप्त 6 से 7 घंटे नींद ले। संतुलित आहार लें, योग प्राणायाम और मॉर्निंग वॉक करें।  चिकित्सक की सलाह समय समय पर अवश्य लें।

मधुमेह रोगी अपने खान-पान पर विशेष ध्यान दें आहार में हाई ग्लाइसेमिक इंडेक्स भोज्य पदार्थों का प्रयोग न करें। करेला, मेथी, आमला, जामुन ,अमरूद का सेवन मधुमेह रोगी कर सकते हैं। तुलसी के पत्ते, दालचीनी, ग्रीन टी का सेवन भी प्रतिदिन करें। डॉ साहू ने बताया मधुमेह रोगी को खाली पेट ज्यादा देर नहीं रहना है। भोजन की मात्रा थोड़ी-थोड़ी मात्रा में कई बार लें और वसायुक्त पदार्थ मिठाइयां फास्ट फूड से परहेज करें।

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